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केसरिया भारत: राष्ट्रीयता के पक्के रंगकेसरिया भारत: राष्ट्रीयता के पक्के रंग

बात के बंदर

ऐसा किताबों में लिखा है कि जल में दूध और दूध में जल, सुविधानुसार, साधनानुसार, इच्छानुसार और यहाँ तक कि स्वादानुसार भी, मिलाने की...

जेन जी-डी-पी

सुबह मैं ऑटो करके घर पहुँची तो पाया मेरे बेटर हॉफ ऑफिस जाने को तैयार हैं। मैंने उससे कल वाली बातें कही तो वो...

चर्चा में

टोपी तो आसान आजमाना है, नीचे अरसों से मैल खाता ये पुराना खानदानी पायजामा है! अब देखते हैं, आगे कौन सा नया दौर आना...

चर्चा में

लोग आयेंगे, जाएंगे, सरकारें बनेंगी, गिरेंगी, कानून बनेंगे, मिटेंगे, ये देश/आप समृद्ध रहने चाहिए, इस देश का लोकतंत्र/आपकी इच्छा अमर रहनी चाहिए...बांकी सब कुर्सी...

बवाल

अतः देखना एक शारीरिक योग्यता है, दिख जाना सो अपि। अगर आपको लगता है कि आपके देखने की क्रिया में कुछ विशेष है तो...

चर्चा में

अब चूंकि हमारे भीतर साइंटिफिक टेंपर ज्यादा था...कहिए कि कक्षा नौ और दस की जीवविज्ञान की किताब पढ़नी पड़ी तब हमें ज्ञान हुआ कि...

चर्चा में

युद्ध लड़ ही लिया जाए। ध्वनि मत से युद्ध जीत भी लिया गया है। थई थई कर दी हमने उनकी, इतना शोर किया, इतना...

चर्चा में

यहाँ वैज्ञानिक को दार्शनिक के पड़ोसी होने का समुचित फायदा मिला। परिस्थितियों के भंवर में, घाट से घाट पटक खाकर, हिलोर कर कपड़े को...

चर्चा में

असल में दुख के यूनिवर्सल होने में बहुत कुछ होता है, आपको एक गाड़ी चाहिए, मोटे दीवार वाले मकान चाहिए, कुछ ज्यादा ही व्यस्त...

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